चुनाव लड़ने के लिए पद छोड़ेंगे भाजपा जिलाध्यक्ष

तहलका न्यूज,बीकानेर।विधानसभा चुनाव में टिकट की दावेदारी करने वाले भाजपा जिलाध्यक्षों को पद छोडऩा होगा। बीकानेर के देहात अध्यक्ष ताराचंद सारस्वत भी इस लिस्ट में शामिल हैं। वे श्रीडूंगरगढ़ से चुनाव लडऩे की इच्छा पार्टी के समक्ष जता चुके हैं। इसलिए पार्टी ने उन्हें जिलाध्यक्ष पद छोडऩे के संकेत दे दिए हैं। कुछ महीने पहले माउंटआबू में भाजपा की बैठक हुई थी, जिसमें जिलाध्यक्षों से पूछा गया था कि कौन-कौन विधानसभा चुनाव लडऩा चाहता है।बीकानेर देहात अध्यक्ष ताराचंद सारस्वत ने श्रीडूंगरगढ़ से चुनाव लडऩे की इच्छा जताई थी। तब पार्टी ने कहा था कि इसके लिए चुनाव के एक साल पहले पद छोडऩा होगा। खबर है कि जल्दी ही सारस्वत या तो इस्तीफा देंगे या पार्टी उनकी जगह दूसरा जिलाध्यक्ष घोषित करेगी। सूत्र बताते हैं कि सारस्वत के बाद जिलाध्यक्ष की दौड़ में श्रीडूंगरगढ़ विधानसभा के ही ओबीसी नेता और पूर्व जिलाध्यक्ष रामगोपाल सुथार का नाम सबसे ऊपर है। वे केन्द्रीय मंत्री और सांसद अर्जुनराम मेघवाल की पसंद भी हैं। हालांकि मेघवाल की पसंद जिला परिषद के पूर्व सदस्य डॉ. बेगाराम बाना भी बताए जा रहे हैं। इसके अलावा पूर्व प्रधान छेलूसिंह और भाजपा ओबीसी के जिलाध्यक्ष भंवरलाल जांगिड़ को भी देहात अध्यक्ष पद के दावेदारों की फेरिहस्त में शामिल है। अक्टूबर के दूसरे सप्ताह में जिलाध्यक्ष पद के लिए नब्ज टटोलने के लिए एक नेता को यहां खासतौर पर भेजा गया था। उधर शहर जिलाध्यक्ष पद के बदलाव की संभावनाएं जताई जा ही है। यहां किसी ब्राह्मण चेहरे का जिलाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी जा सकती है।
इस्तीफा नहीं दिया है , पार्टी का निर्णय मानूंगा- सारस्वत
माउंट आबू में मैंने अपनी इच्छा बताई थी। इसके लिए पद छोडऩा होगा, लेकिन कब और कैसे वो पार्टी तय करेगी। मैंने अभी तक इस्तीफा नहीं दिया। पार्टी जो निर्णय करेगी वो मानूंगा। -ताराचंद सारस्वत, जिलाध्यक्ष, देहात भाजपा

Leave a Reply

Your email address will not be published.